ओडीएफ घोटाले पर जिला प्रशासन मौन क्यों,स्वच्छता अभियान को अधिकारी लगा रहे पलीता

जनपद सीतापुर में एक बहुत बड़े भ्रष्टाचार के दलदल में जनपद की विभिन्न योजनाएं धरती जा रही है जिसमें स्वच्छ शौचालय वह प्रधानमंत्री आवास ग्रामीण मैं व्यापक रूप से घोटाला किया गया है जिसको जिला प्रशासन मैं बैठे योजना के अधिकारी भ्रष्टाचार करने में लगे हुए हैं

जनपद सीतापुर में स्वच्छ भारत मिशन में जहां एक तरफ यह दावा किया जा रहा है कि जनपद सीतापुर ओ डी एफ हो गया है वहीं पर दूसरी तरफ जांच वा सरकारी कर्मचारी को दोषी करार देकर कार्यवाही की जा रही है और जहां पर एक साथ बीसं और तीस गांवों की जांच हो रही हो वही जनपद सीतापुर में ग्राम प्रधानों के खातोंपर रोक लग रही है वह भी शौचालय को लेकर फिर कैसे जनपद पूरा ओ डी एफ घोषित किया जा सकता है जिससे यह सिद्ध हो जाता है कि जनपद में बैठे पूर्व अधिकारियों द्धारा शासन वा प्रशासन को झूठी वा गुमराह करने वाली खबर देते थे इसलिए जनपद सीतापुर में स्वच्छ भारत मिशन के तहत ओ डी एफ घोषित ग्राम पंचायत वा विकाश खन्ड वार सूची ग्राम पंचायत में चस्पा किया जाये वा जनपद सीतापुर में कितने ग्राम पंचायत व विकासखंड अभी तक ओ डी एफ घोषित किये गये हो उनके नाम समाचार पत्रों में प्रकाशित किया जाये वा अभी तक ग्राम पंचायत में जिन लोगों को शौचालय निर्माण कराया गया हो उन के नाम ग्राम पंचायत में चस्पा किया जाये ऐसा करने से जनपद में किये गये घोटाले प्रकाश में आने लगेगे और जनपद में बैठे अधिकारी जिनके द्वारा घोषित किया गया ओ डी एफ की सत्यता सामने आयेगा
जनपद सीतापुर में दिए गए प्रधानमंत्री आवास वर्ष 2016/2020 में अगर जांच कराई जाये तो जनपद में सबसे अधिक अपात्र लोग पाये जायेगे और जो अभी तक जांच में अपात्र घोषित भी किये गये है उनके पास से धनराशि की वसूली भी नहीं हुई है और जनपद में बहुत से आवास अधबने पड़े हैं और धनराशि में बन्दर बांट होने के कारण ही आज भी वह आवास आधे अधूरे पड़े हैं और जो लोग गरीब बे घर है वह लोग आज भी सरकार द्वारा दिए जा रहे प्रधान मंत्री आवास की आस लगाए बैठे हैं ।
इसलिए जिला प्रशासन से मांग है कि जनपद में वर्ष 2016से2020तक के आवास की जांच करवाई जाये और जिन गरीब आवास विहीन अभी तक नहीं दिया गया है और उसके नाम सूची में होने के बावजूद भी उनको आवास नहीं दिया गया है क्योंकि वह गरीब लोग पैसा नहीं दे सकते थे इसलिए उन्हें सूची से अपात्र कर दिया गया है ऐसे लोगों की जांच कराकर उन्हें तुरन्त आवास दिया जाये और जनपद में गरीब बुजुर्ग महिलाएं व बुजुर्ग व दिव्यांग लोगों को शौचालय का निर्माण कराया जाये क्योंकि वह गरीब लोग बाहर शौच जाने में कठिनाई होती है अगर जिला प्रशासन द्वारा बिन्दुवार जांच कराते गरीब और बेसहारा लोगों को शौचालय व आवास न दिया गया तो राष्ट्रीय लोकदल गरीब बेसहारा लोगों के साथ बुजुर्ग महिलाओं व दिव्यांग के साथ जिला मुख्यालय पर विशाल धरना प्रदर्शन करने के लिए बाध्य होगा ।

रिपोर्ट- पुनीत यादव

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